तालिबानी लड़ाके ने लोक गायक फवाद अंदराबी की हत्या की, बेटे ने कहा- उन्होंने सिर में गोली मारी

Taliban Killed Folk Singer: तालिबान के एक लड़ाके ने अशांत पर्वतीय प्रांत में संदिग्ध परिस्थितियों में एक अफगान लोक गायक की गोली मारकर हत्या कर दी. उनके परिवार ने रविवार को यह जानकारी दी. लोक गायक फवाद अंदराबी को शुक्रवार को अंदराबी घाटी में गोली मारी गई. ये घाटी बगलान प्रांत में है जो राजधानी काबुल से लगभग 100 किलोमीटर दूर उत्तर में है.

तालिबान के कब्जे के बाद से घाटी में उथल-पुथल देखी गई थी, क्षेत्र के कुछ जिले तालिबान शासन का विरोध जताने वाले मिलिशिया लड़ाकों के नियंत्रण में आ गए थे. तालिबान का कहना है कि उन्होंने उन क्षेत्रों को वापस ले लिया है, हालांकि हिंदू कुश पहाड़ों में स्थित पंजशीर अफगानिस्तान के 34 प्रांतों में से केवल एक ऐसा प्रांत है जो उसके नियंत्रण में नहीं है.

लोक गायक के बेटे जवाद अंदराबी ने ‘द एसोसिएटेड प्रेस’ को बताया कि तालिबान पहले उनके घर आए और उनकी तलाशी ली. उनके बेटे ने कहा, ‘‘वह निर्दोष थे, वह एक गायक थे जो केवल लोगों का मनोरंजन कर रहे थे. उन्होंने उनके सिर में गोली मारी.’’ उनके बेटे ने कहा कि वह न्याय चाहते हैं और एक स्थानीय तालिबान परिषद ने उनके पिता के हत्यारे को दंडित करने का वादा किया है.

तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्ला मुजाहिद ने ‘एपी’ को बताया कि घटना की जांच की जायेगी, लेकिन हत्या के बारे में कोई अन्य जानकारी नहीं है.

पारंपरिक गीत गाते थे फवाद अंदराबी

आपको बता दें कि फवाद अंदराबी लोक गायक थे. वह पारंपरिक गीतों को गाया करते थे. अंदराबी ने ‘घिचक’ गाया था जो एक पारंपरिक गीत है. उनका एक वीडियो भी सामने आया है जिसमें वह गाते दिख रहे हैं, “मेरी मातृभूमि से बढ़कर कोई देश नहीं है. मुझे अपने देश पर गर्व है. हमारी घाटी बेहद खूबसूरत है जो हमारे पुरखों की मातृभूमि है.’’

इस बीच सांस्कृतिक अधिकारों पर संयुक्त राष्ट्र की विशेष दूत करीमा बेन्नौने ने ट्विटर पर लिखा कि उन्हें अंदराबी की हत्या पर गंभीर चिंता है. उन्होंने लिखा, ‘‘हम सरकारों से आह्वान करते हैं कि तालिबान से कलाकारों के मानवाधिकारों का सम्मान करने की मांग करें.’’

एमनेस्टी इंटरनेशनल की महासचिव एग्नेस कैलामार्ड ने भी इसी तरह हत्या की निंदा की. उन्होंने ट्विटर पर लिखा, ‘‘इस बात के सबूत हैं कि 2021 का तालिबान 2001 के असहिष्णु, हिंसक, दमनकारी तालिबान जैसा ही है.’’

उन्होंने कहा, ‘‘20 साल बाद. उस मोर्चे पर कुछ भी नहीं बदला है.’’ अंदराबी की हत्या किये जाने का मामला तब सामने आया है जब लगभग दो सप्ताह पहले तालिबान के अफगानिस्तान की सत्ता पर कब्जा जमाने के बाद अमेरिका काबुल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से अपने सैनिकों को निकालने का अभियान चला रहा है. हाल में काबुल हवाई अड्डे पर आत्मघाती धमाकों में 170 से अधिक लोगों की मौत के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने जवाबी कार्रवाई करने का वादा किया था.

काबुल में रिहायशी इलाके में रॉकेट हमला

आज काबुल एयरपोर्ट के पास एक रिहाइशी इलाके में रॉकेट अटैक हुआ. इस अटैक को लेकर कहा जा रहा है कि अमेरिका ने सुसाइड बॉम्बर की गाड़ी पर मिलिट्री स्ट्राइक की है. मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि सुसाइड बॉम्बर हमले के लिए काबुल एयरपोर्च की ओर जा रहा था, जिसको निशाना बनाकर अमेरिका ने मिलिट्री स्ट्राइक की है. इस हमले में एक बच्चे समेत दो लोगों की मौत हो गई है, जबकि तीन लोग घायल हुए हैं.

तालिबान ने मानी अमेरिका की मिलिट्री स्ट्राइक की बात

न्यूज़ एजेंसी रॉयटर्स, अल जज़ीरा और फॉक्स न्यूज़ के बाद तालिबान ने भी इस बात को साफ कर दिया है कि काबुल में हुआ रॉकेट अटैक अमेरिकी की ओर से किया गया है. इससे पहले तालिबान ने आईएसआईएस पर इस हमले का आरोप लगाया था.

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