महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री अनिल परब को ED का समन, संजय राउत बोले- chronology समझिए!

मुंबई: महा विकास अघाड़ी सरकार में परिवहन मंत्री अनिल परब को मंगलवार सुबह 11 बजे प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के दफ्तर में पेश होने के लिए समन जारी किया गया है. इससे पहले मंत्री अनिल परब की एक वीडियो क्लिप वायरल हुई थी जिसमें वह केंद्रीय मंत्री नारायण राणे को गिरफ्तार करने के आदेश कथित तौर पर पुलिस अधिकारियों को फोन पर दे रहे थे. बीजेपी ने इसे सत्ता का दुरुपयोग बताते हुए कार्रवाई की मांग की है. बीजेपी नेता आशीष शेलार ने यहां तक कहा ‘खेल शिवसेना ने शुरू किया है लेकिन इसे खत्म अब बीजेपी करेगी. दरअसल बीजेपी का आरोप है कि नॉन कॉग्निजेबल ऑफेंस को कॉग्निजेबल बनाकर मंत्री को गिरफ्तार करने की कोशिश की गई. 

कौन हैं अनिल परब
56 साल के अनिल परब महाराष्ट्र की महा विकास अघाड़ी सरकार में दिसंबर 2019 में कैबिनेट मंत्री बनाए गए थे. शिवसेना के टिकट पर अब तीसरी बार विधान परिषद में विधायक चुने गए हैं. सीएम उद्धव ठाकरे का बेहद करीबी अनिल परब को माना जाता है. पेशे से वकील होने की वजह से पार्टी के लीगल काम अनिल परब ही देखते हैं. शिवसेना पार्टी के संगठन के लिहाज से विभाग प्रमुख यह पद काफी ताकतवर और महत्वपूर्ण माना जाता है. साल 2001 से अनिल परब के पास बांद्रा से अंधेरी इलाके के विभाग प्रमुख का पद कायम है. मुंबई महानगर पालिका चुनाव में अनिल परब की स्ट्रेटजी में बड़ी भूमिका रही है. आमतौर पर अनिल परब को ठाकरे परिवार का लॉयलिस्ट भी कहा जाता है. आक्रमक स्वभाव के अनिल परब महा विकास अघाड़ी सरकार स्थापन होने के बाद से ही विवादों में रहे हैं.

इन दिनों क्यों चर्चा में हैं अनिल परब
‘हेलो क्या कर रहे हो आप लोग लेकिन आपको करना होगा. आपने अब तक हिरासत में नहीं लिया क्या. पुलिस फोर्स का इस्तेमाल करो और हिरासत में लो.” महाराष्ट्र के रत्नागिरी के गार्जियन मिनिस्टर अनिल परब का फोन पर बात करते हुए कथित ऑडियो कैमरे में कैद होने के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में हड़कंप मच गया था. आरोप लगे अनिल परब केंद्रीय मंत्री नारायण राणे की गिरफ्तारी के लिए कथित कॉल पर पुलिस अधिकारी पर दबाव बना रहे हैं. बीजेपी ने पूरे मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की है. 

अनिल परब पर लग चुके हैं वसूली के आरोप 
मुंबई पुलिस के पूर्व API सचिन वाजे ने NIA कोर्ट को लिखे एक पत्र में मंत्री अनिल पर 50 करोड़ की वसूली करने का गंभीर आरोप लगाया था. वहीं बीएमसी के 50 बड़े ठेकेदार से 2 करोड़ रुपए की वसूली का टारगेट देने का भी आरोप सचिन वाजे लगा चुके हैं. हालांकि मंत्री ने सभी आरोपों से इनकार कर चुके हैं. वहीं आरटीओ विभाग में ट्रांसफर पोस्टिंग मामले में भी परिवहन मंत्री अनिल परब पर निलंबित आरटीओ ऑफिसर गजेंद्र पाटिल करोड़ों रुपए की वसूली का आरोप लगा चुके हैं जिसकी जांच महाराष्ट्र डीजीपी कर रहे हैं.

संजय राउत ने कहा- Chronology समझिए!
अनिल परब को ED की नोटिस की जानकारी सबसे पहले शिवसेना नेता संजय राउत ने ट्वीट कर दी. राउत ने कहा कि मंत्री अनिल परब को ED का नोटिस आया है. जनादेश यात्रा समाप्त हुई. केंद्र में बैठे लोगों का काम शुरू हो गया है. पिछले दिनों रत्नागिरी भूकंप का केंद्र था. मंत्री अनिल परब वहीं के पालक मंत्री हैं. chronology समझ लीजिए. लेकिन ये लड़ाई कानून से लड़ी जाएगी.

ये भी पढ़ें-
पंजाब में नहीं सुलझ रहा कांग्रेस का झगड़ा, अब कैप्टन अमरिंदर सिंह के चेहरे पर चुनाव लड़ने के मुद्दे पर विवाद शुरू

Coronavirus Vaccination: महाराष्ट्र टीचर फेडरेशन ने कहा- 5 सितंबर तक राज्य के सभी अध्यापकों का वैक्सीनेशन होना नामुमकिन

Source link ABP Hindi