कर्क राशि में सूर्य देव करेंगे राशि परिवर्तन, अभी मिथुन राशि में बुध के साथ बना रहे हैं, राजयोग

Kark Sankranti 2021: कर्क राशि में सूर्य का राशि परिवर्तन महत्वपूर्ण माना जा रहा है. सूर्य जब राशि परिवर्तन करते हैं तो इसे संक्रांति भी कहा जाता है. इसी प्रकार जब सूर्य कर्क राशि में आते हैं तो इसे कर्क संक्रांति के नाम से जाना जाता है. हिंदू धर्म में संक्रांति का विशेष महत्व बताया गया है. मकर संक्रांति को सभी संक्रांतियों में श्रेष्ठ माना गया है.

कर्क संक्रांति कब है? (Surya Sankranti 2021)
कर्क राशि में सूर्य का प्रवेश यानि कर्क संक्रांति पंचांग के अनुसार 16 जुलाई 2021 शुक्रवार को आषाढ़ मास की शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि को होने जा रहा है. इस दिन हस्त नक्षत्र रहेगा और चंद्रमा कन्या राशि में होगा.

कर्क संक्रांति का शुभ मुहूर्त (Surya Sankranti Shubh Muhurat)

  • कर्क संक्रांति: 16 जुलाई 2021, शुक्रवार 
  • कर्क संक्रांति का पुण्य काल:  प्रात: 05:34 से शाम: 05:09 तक
  • अवधि – 11 घण्टे 35 मिनट
  • कर्क संक्रान्ति महापुण्य काल: दोपहर 02:51 से शाम 05:09 तक
  • अवधि – 02 घण्टे 18 मिनट
  • कर्क संक्रान्ति का क्षण: शाम 05 बजकर 18 मिनट

कर्क राशि में सूर्य का प्रवेश, समय (Sun Transit in Cancer 2021)
पंचांग के अनुसार सूर्य, कर्क राशि में 16 जुलाई, शुक्रवार को शाम 04 बजकर 41 मिनट पर प्रवेश करेंगे. सूर्य 17 अगस्त 2021 को 01 बजकर 05 मिनट तक कर्क राशि में रहेंगे. इसके बाद सिंह राशि में सूर्य का राशि परिवर्तन होगा.

कर्क संक्रांति का महत्व (Kark Sankranti 2021 Importance)
कर्क राशि में सूर्य का प्रवेश होना मेष से मीन राशि तक के जातकों को प्रभावित करेगा, लेकिन इसका सबसे अधिक प्रभाव कर्क राशि पर ही देखने को मिलेगा. क्योंकि सूर्य कर्क राशि में आ रहे हैं. शास्त्रों के अनुसार कर्क संक्रांति को छह महीने के उत्तरायण काल का अंत माना जाता है. इसके साथ ही इस दिन से दक्षिणायन की शुरुआत होती है, जो मकर संक्रांति तक चलती है. सूर्य इस दिन से दक्षिणायन होंगे. इसके बाद उत्तरायण प्रारंभ होता है. इस दिन सूर्य देव की पूजा का विशेष महत्व है.

कर्क राशिफल (Cancer horoscope)
सूर्य का आपकी राशि में आना कुछ मामलों में अशुभ फल प्रदान कर सकता है, इसलिए सावधानी बरतने की जरूरत है. कर्क राशि में सूर्य का गोचर अहंकारी भी बना सकता है. जिस कारण लोगों का स्नेह और प्रेम कम हो सकता है. इस गोचर काल में आपके पास योजनाओं की कोई कमी नहीं रहेगी. तनाव और भ्रम की स्थिति से दूर रहने का प्रयास करें. जॉब में प्रमोशन और स्थान परिवर्तन की स्थिति बन सकती है.

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